Swamarg
📷 Rahul Ranjan Rai
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📷 Pratyaksh Rajoria
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📷 Sachcha Gaweshi
📷 Sachcha Gaweshi
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Mahasukhamada ChanThargyi Pagoda

📍 Buddha Marg, Kushinagar, 274403

SACREDMonastery✓ Cross-checked
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Good to know

opening hours

Mo-Su 07:00-20:00

Verified 19 Sept 2026

Story

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Tradition says

कुशीनगर के महासुखमदा चन्थर्गी पगोडा के लिए एक प्राचीन परंपरा है कि यह स्थान बौद्ध धर्म के प्रति एक संतप्नात्मक स्थान है। स्थानीय विश्वास के अनुसार, पगोडा में स्थित मूर्ति की पूजा से प्राप्त होने वाला सुख और शांति की कामना की जाती है। लोकप्रिय मान्यता है कि पगोडा के प्राचीन स्तूप में स्थित मूर्ति की पूजा से बुद्ध की प्रार्थना की जाती है। स्थानीय लोगों का मानना है कि पगोडा में स्थित मूर्ति की पूजा से प्राप्त होने वाला सुख और शांति की कामना की जाती है।

Historians say

महासुखमदा चन्थर्गी पगोड़ा कुशीनगर के प्राचीन स्थानों में से एक है। यह पगोड़ा एक मठ है जिसका नाम महासुखमदा चन्थर्गी है, जिसका अर्थ है 'सुख की प्राप्ति का स्थान'। यह स्थान बौद्ध धर्म के लिए पवित्र है और इसके लिए लोग आते हैं। पगोड़ा का निर्माण 19वीं शताब्दी में किया गया था और इसका निर्माण कार्य बौद्ध मठ के सदस्यों ने किया था। पगोड़ा की स्थिति कुशीनagar के पुराने क्षेत्र में है, जिसका नाम कुशीनगर है, जिसका नाम बौद्ध धर्म के प्राचीन स्थानों में से एक है।

Historians say

कुशीनगर के महासुखमदा चन्थर्गी पगोडा की यात्रा के लिए सबसे अच्छा समय सुबह या दोपहर के दौरान होता है। इस स्थान की शांत और संस्कृति प्रेरित करती है, इसलिए हल्के कपड़े और सुविधाजनक जूते लेकर आएं। पगोडा के लिए सबसे अच्छा मार्ग स्थानीय बस सेवा से मिलता है, जिसके लिए स्थानीय लोगों से पूछें कि क्या सस्ता और सुविधाजनक मार्ग है। स्थान की सुविधाओं और समय से पुष्टि स्थानीय स्रोतों से करें क्योंकि समय और शुल्क में बदलाव हो सकता है।

Tradition says

कुशीनगर के महासुखमदा चन्थर्गी पगोडा में पूजा और साधना का एक शांत संस्कृति है। यहां, पर्यटन सामान्यतः बुद्ध की पूजा में लीन होते हैं, उनकी शिक्षाओं और जीवन के प्रति सम्मान के साथ प्रार्थना करते हैं। साधुओं और साध्वियों के लिए, यह स्थान एक शांत और साधना स्थल है, जहां वे अपने मन को शांत और अपने हृदय को पवित्र कर सकते हैं।

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